1. अध्याय एक नज़र में
रसायन (Chemistry) और जीव विज्ञान (Biology) से अग्निवीर Army GD में 4–6, Navy SSR/MR में 8–12 और Army Technical में रसायन के लगभग 15 प्रश्न आते हैं। स्तर कक्षा 10 का है। रसायन में पदार्थ, परमाणु संरचना, आवर्त सारणी, अम्ल-क्षार-लवण, धातु-अधातु और रोज़मर्रा के रासायनिक यौगिक पूछे जाते हैं; जीव विज्ञान में कोशिका, मानव शरीर के तंत्र, रोग, विटामिन और पोषण। सैनिक के रूप में प्राथमिक चिकित्सा, स्वच्छता और रोगों से बचाव का ज्ञान भी उपयोगी है, इसलिए ये अध्याय केवल परीक्षा नहीं, सेवा के लिए भी काम के हैं।
- सामान्य नाम और रासायनिक सूत्र की सारणी (बेकिंग सोडा = NaHCO₃) रोज़ दोहराएँ।
- रोग — कारक (जीवाणु / विषाणु / प्रोटोज़ोआ) — प्रभावित अंग की सारणी बनाएँ।
- विटामिन और उनकी कमी से होने वाले रोग सबसे अधिक पूछे जाते हैं — इन्हें पूरी तरह याद करें।
2. पदार्थ और उसकी अवस्थाएँ
- पदार्थ की तीन मुख्य अवस्थाएँ: ठोस (निश्चित आकार और आयतन), द्रव (निश्चित आयतन), गैस (न आकार न आयतन निश्चित)। प्लाज़्मा चौथी अवस्था है (सूर्य, तारे)।
- ऊर्ध्वपातन: ठोस सीधे गैस बने — कपूर, नेफ़्थलीन (गोलियाँ), सूखी बर्फ (ठोस CO₂), आयोडीन।
- विसरण गैसों में सबसे तेज़ — अगरबत्ती की सुगंध कमरे में फैलना।
- मिश्रण अलग करने की विधियाँ: छानना, वाष्पन (समुद्री जल से नमक), आसवन (क्वथनांक अंतर), क्रोमैटोग्राफ़ी (स्याही के रंग), अपकेंद्रण (दूध से मक्खन), पृथक्कारी कीप (तेल-पानी)।
- तत्व (एक ही प्रकार के परमाणु), यौगिक (निश्चित अनुपात में तत्व रासायनिक रूप से जुड़े — जल H₂O), मिश्रण (अनिश्चित अनुपात — वायु)।
3. परमाणु संरचना और आवर्त सारणी
- परमाणु के केंद्र (नाभिक) में प्रोटॉन (+) और न्यूट्रॉन (उदासीन); चारों ओर कोशों में इलेक्ट्रॉन (−)। इलेक्ट्रॉन की खोज जे. जे. थॉमसन, प्रोटॉन की गोल्डस्टीन, न्यूट्रॉन की जेम्स चैडविक और नाभिक की रदरफ़ोर्ड ने की।
- परमाणु क्रमांक = प्रोटॉन की संख्या; द्रव्यमान संख्या = प्रोटॉन + न्यूट्रॉन।
- समस्थानिक (Isotopes): समान परमाणु क्रमांक, भिन्न द्रव्यमान संख्या — हाइड्रोजन के प्रोटियम, ड्यूटेरियम, ट्रिटियम। समभारिक (Isobars): समान द्रव्यमान संख्या।
- इलेक्ट्रॉन विन्यास कोशों में 2, 8, 8 …; बाहरी कोश के इलेक्ट्रॉन संयोजकता तय करते हैं (सोडियम 2, 8, 1 → संयोजकता 1; कार्बन 2, 4 → संयोजकता 4)।
- आधुनिक आवर्त सारणी (मोज़ले) परमाणु क्रमांक पर आधारित; 18 समूह, 7 आवर्त। मेंडलीफ़ ने परमाणु भार के आधार पर सारणी बनाई थी।
- समूह 1 — क्षार धातुएँ (सोडियम, पोटैशियम); समूह 17 — हैलोजन (फ़्लोरीन, क्लोरीन); समूह 18 — उत्कृष्ट गैसें (हीलियम, नियॉन, आर्गन — अक्रिय)।
- सबसे हल्का तत्व हाइड्रोजन; सबसे अधिक विद्युत ऋणात्मक फ़्लोरीन; कमरे के ताप पर द्रव धातु पारा और द्रव अधातु ब्रोमीन।
4. अम्ल, क्षार और लवण
- अम्ल स्वाद में खट्टे, नीले लिटमस को लाल करते हैं, pH 7 से कम। क्षार स्वाद में कड़वे, लाल लिटमस को नीला करते हैं, pH 7 से अधिक। शुद्ध पानी pH 7 (उदासीन)।
- अम्ल + क्षार → लवण + जल (उदासीनीकरण)। अपच में एंटासिड (मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया — Mg(OH)₂) पेट के अम्ल को उदासीन करता है।
- मधुमक्खी का डंक अम्लीय — बेकिंग सोडा लगाएँ; बर्र (ततैया) का डंक क्षारीय — सिरका लगाएँ। चींटी के डंक में फ़ॉर्मिक अम्ल।
- pH मान 1 घटने पर अम्लीयता 10 गुना बढ़ती है। मानव रक्त का pH लगभग 7.4 (हल्का क्षारीय); आमाशय का रस अत्यधिक अम्लीय (HCl)।
| पदार्थ | अम्ल / रसायन | पदार्थ | अम्ल / रसायन |
|---|---|---|---|
| नींबू, संतरा | साइट्रिक अम्ल | सिरका | एसिटिक अम्ल |
| दही, खट्टा दूध | लैक्टिक अम्ल | इमली | टार्टरिक अम्ल |
| टमाटर | ऑक्ज़ैलिक अम्ल | चींटी का डंक | फ़ॉर्मिक अम्ल |
| आमाशय | हाइड्रोक्लोरिक अम्ल | वाहन बैटरी | सल्फ़्यूरिक अम्ल |
5. धातु, अधातु और दैनिक जीवन के रसायन
- धातुएँ चमकदार, आघातवर्धनीय (पीटकर चादर), तन्य (खींचकर तार), ऊष्मा-विद्युत की सुचालक होती हैं। चाँदी सबसे अच्छा विद्युत चालक; सोना सबसे अधिक आघातवर्धनीय।
- लोहे पर जंग (जलयोजित आयरन ऑक्साइड) नमी और ऑक्सीजन दोनों से लगता है। बचाव: पेंट, तेल, यशदलेपन (जस्ते की परत — गैल्वनीकरण)।
- मिश्रधातुएँ: पीतल (तांबा + जस्ता), कांसा (तांबा + टिन), स्टेनलेस स्टील (लोहा + क्रोमियम + निकल), सोल्डर (सीसा + टिन), ड्यूरालुमिन (एल्युमिनियम + तांबा + मैग्नीशियम — विमानों में)।
- कार्बन के अपररूप: हीरा (सबसे कठोर, कुचालक), ग्रेफाइट (मुलायम, सुचालक — पेंसिल की लीड), फुलरीन।
- LPG का मुख्य घटक ब्यूटेन (गंध के लिए एथिल मरकैप्टन मिलाया जाता है); CNG का मुख्य घटक मीथेन।
- अग्निशामक में कार्बन डाइऑक्साइड — यह न जलती है न जलने में मदद करती है।
- कठोर जल में कैल्शियम-मैग्नीशियम के लवण; साबुन झाग नहीं देता। अस्थायी कठोरता उबालने से दूर।
| सामान्य नाम | रासायनिक नाम | सूत्र | उपयोग |
|---|---|---|---|
| खाने का नमक | सोडियम क्लोराइड | NaCl | भोजन |
| खाने का सोडा | सोडियम बाइकार्बोनेट | NaHCO₃ | बेकिंग, एंटासिड |
| धोने का सोडा | सोडियम कार्बोनेट | Na₂CO₃·10H₂O | कठोरता दूर करना |
| विरंजक चूर्ण | कैल्शियम ऑक्सीक्लोराइड | CaOCl₂ | पानी कीटाणुरहित करना |
| प्लास्टर ऑफ़ पेरिस | कैल्शियम सल्फ़ेट हेमीहाइड्रेट | CaSO₄·½H₂O | टूटी हड्डी पर पट्टी |
| बुझा चूना | कैल्शियम हाइड्रॉक्साइड | Ca(OH)₂ | सफ़ेदी |
| लाफ़िंग गैस | नाइट्रस ऑक्साइड | N₂O | निश्चेतक |
6. कोशिका और पौधे
- कोशिका जीवन की मूल इकाई है; कोशिका की खोज रॉबर्ट हुक ने की (कॉर्क में)।
- कोशिकांग: केंद्रक (नियंत्रण केंद्र, DNA), माइटोकॉन्ड्रिया (शक्ति-गृह, ATP), राइबोसोम (प्रोटीन निर्माण), हरितलवक (केवल पादप — प्रकाश संश्लेषण), लाइसोसोम (आत्मघाती थैली), कोशिका भित्ति (केवल पादप — सेल्यूलोज़)।
- प्रकाश संश्लेषण: CO₂ + जल + सूर्य का प्रकाश (क्लोरोफ़िल की उपस्थिति में) → ग्लूकोज़ + ऑक्सीजन। क्लोरोफ़िल में मैग्नीशियम होता है।
- पौधों में जल का परिवहन जाइलम से और भोजन का फ़्लोएम से। पत्तियों के रंध्रों से गैस विनिमय और वाष्पोत्सर्जन।
- दलहनी पौधों की जड़ों में राइज़ोबियम जीवाणु वायुमंडलीय नाइट्रोजन का स्थिरीकरण करते हैं।
7. मानव शरीर
- पाचन तंत्र: मुँह (लार — स्टार्च का पाचन शुरू), आमाशय (पेप्सिन — प्रोटीन, HCl), छोटी आँत (अधिकांश पाचन और अवशोषण), बड़ी आँत (जल अवशोषण)। यकृत सबसे बड़ी ग्रंथि — पित्त रस बनाता है।
- श्वसन तंत्र: फेफड़ों की कूपिकाओं (एल्वियोलाई) में गैस विनिमय। सामान्य श्वसन दर 12–18 बार प्रति मिनट।
- परिसंचरण तंत्र: हृदय में 4 कक्ष; सामान्य हृदय गति लगभग 72 बार प्रति मिनट; सामान्य रक्तचाप लगभग 120/80 mm Hg। धमनियाँ हृदय से रक्त ले जाती हैं, शिराएँ हृदय तक लाती हैं।
- रक्त: लाल रक्त कणिकाएँ (हीमोग्लोबिन — लोहा, ऑक्सीजन वहन, जीवनकाल लगभग 120 दिन), श्वेत रक्त कणिकाएँ (रोग प्रतिरोध), प्लेटलेट्स (रक्त का थक्का)। रक्त समूह की खोज कार्ल लैंडस्टीनर ने की। सर्वदाता O, सर्वग्राही AB।
- उत्सर्जन तंत्र: वृक्क (किडनी) की इकाई नेफ्रॉन — रक्त छानकर मूत्र बनाती है।
- तंत्रिका तंत्र: मस्तिष्क, मेरुरज्जु, तंत्रिकाएँ; इकाई न्यूरॉन। प्रतिवर्ती क्रिया (Reflex) मेरुरज्जु नियंत्रित करती है।
- अंतःस्रावी ग्रंथियाँ: पीयूष (मास्टर ग्रंथि), थायरॉइड (थायरॉक्सिन — आयोडीन आवश्यक), अग्न्याशय (इंसुलिन — मधुमेह), अधिवृक्क (एड्रेनालिन — "लड़ो या भागो" हार्मोन)।
- कंकाल: वयस्क में 206 हड्डियाँ; सबसे लंबी फीमर (जाँघ), सबसे छोटी स्टेपीज़ (कान)। शरीर का सबसे बड़ा अंग त्वचा।
8. रोग, विटामिन और पोषण
| रोग | कारक | प्रभावित अंग / वाहक |
|---|---|---|
| क्षय रोग (TB) | जीवाणु | फेफड़े; टीका BCG |
| हैज़ा, टाइफ़ाइड | जीवाणु | आँत; दूषित पानी-भोजन |
| टिटनेस | जीवाणु | तंत्रिका तंत्र; घाव से |
| पोलियो | विषाणु | तंत्रिका तंत्र; टीका OPV |
| डेंगू, चिकनगुनिया | विषाणु | एडीज़ मच्छर (दिन में काटता है) |
| एड्स | विषाणु (HIV) | प्रतिरक्षा तंत्र |
| मलेरिया | प्रोटोज़ोआ (प्लाज़्मोडियम) | मादा एनोफ़िलीज़ मच्छर |
| दाद (Ringworm) | कवक | त्वचा |
| विटामिन | कमी से रोग | मुख्य स्रोत |
|---|---|---|
| A | रतौंधी | गाजर, दूध, हरी पत्तेदार सब्ज़ियाँ |
| B1 | बेरी-बेरी | अनाज, दालें |
| C | स्कर्वी (मसूड़ों से खून) | आँवला, नींबू, संतरा |
| D | रिकेट्स (बच्चों में हड्डियाँ कमज़ोर) | धूप, मछली का तेल |
| K | रक्त का थक्का न बनना | हरी सब्ज़ियाँ |
- खनिज की कमी: लोहा — एनीमिया; आयोडीन — घेंघा; कैल्शियम — कमज़ोर हड्डियाँ और दाँत।
- प्रोटीन की कमी से बच्चों में क्वाशियोरकर और प्रोटीन-ऊर्जा दोनों की कमी से मरास्मस।
- चेचक का टीका एडवर्ड जेनर ने और पेनिसिलिन की खोज अलेक्ज़ेंडर फ़्लेमिंग ने की।
- प्राथमिक चिकित्सा (First Aid) — सैनिक जीवन में बहुत उपयोगी: अधिक रक्तस्राव होने पर घाव को साफ़ कपड़े से दबाएँ और अंग को हृदय से ऊँचा रखें; जलने पर उस भाग को 10–20 मिनट तक साफ़ ठंडे बहते पानी में रखें (बर्फ या टूथपेस्ट न लगाएँ); हड्डी टूटने का संदेह हो तो अंग को खपच्ची (Splint) से स्थिर करें; लू (Heat stroke) में व्यक्ति को छाया में लिटाकर शरीर ठंडा करें और होश हो तो पानी-ORS दें; साँप के काटने पर घबराएँ नहीं, अंग को स्थिर रखें और तुरंत अस्पताल ले जाएँ।
- ORS (Oral Rehydration Solution) दस्त और निर्जलीकरण (Dehydration) में शरीर के जल और लवण की कमी पूरी करता है; CPR हृदय गति रुकने पर छाती दबाकर रक्त संचार बनाए रखने की विधि है।
- पर्यावरण: खाद्य श्रृंखला में ऊर्जा का स्रोत सूर्य; अगले पोषी स्तर तक केवल लगभग 10% ऊर्जा पहुँचती है। ओज़ोन परत को CFC नुकसान पहुँचाते हैं; ग्रीनहाउस प्रभाव CO₂ और मीथेन से बढ़ता है।
9. पर्यावरण, पारिस्थितिकी (Ecology) और प्रदूषण
पर्यावरण से जुड़े प्रश्न अग्निवीर और Navy/Air Force की विज्ञान परीक्षा में नियमित रूप से आते हैं। पारिस्थितिकी (ecology) जीवों और उनके पर्यावरण के आपसी संबंधों का अध्ययन है। किसी क्षेत्र के सभी जीव और उनका भौतिक वातावरण मिलकर पारितंत्र (ecosystem) बनाते हैं।
- उत्पादक (Producers) — हरे पौधे, जो प्रकाश संश्लेषण से भोजन बनाते हैं।
- उपभोक्ता (Consumers) — प्राथमिक (शाकाहारी, जैसे हिरण), द्वितीयक (मांसाहारी, जैसे मेंढक), तृतीयक (शीर्ष मांसाहारी, जैसे बाघ)।
- अपघटक (Decomposers) — जीवाणु और कवक, जो मृत जीवों को तोड़कर पोषक तत्व मिट्टी में लौटाते हैं।
- खाद्य श्रृंखला: घास → टिड्डा → मेंढक → साँप → बाज़। कई खाद्य श्रृंखलाएँ मिलकर खाद्य जाल बनाती हैं।
- 10% का नियम (लिंडेमन): एक पोषी स्तर से अगले स्तर तक केवल लगभग 10% ऊर्जा पहुँचती है, बाक़ी ऊष्मा के रूप में नष्ट होती है। इसीलिए खाद्य श्रृंखला में आम तौर पर 4–5 से अधिक स्तर नहीं होते।
| प्रदूषण का प्रकार | मुख्य कारण | प्रभाव |
|---|---|---|
| वायु प्रदूषण | वाहनों और कारख़ानों का धुआँ, पराली जलाना (CO, SO₂, NO₂, PM2.5) | साँस के रोग, अम्ल वर्षा, धुंध (smog) |
| जल प्रदूषण | सीवेज, औद्योगिक अपशिष्ट, उर्वरकों का बहाव | हैज़ा, टाइफ़ाइड; सुपोषण (eutrophication) से मछलियों की मृत्यु |
| मृदा प्रदूषण | अधिक कीटनाशक, प्लास्टिक, औद्योगिक कचरा | उर्वरता में कमी; विषैले पदार्थ भोजन में पहुँचते हैं |
| ध्वनि प्रदूषण | वाहन, मशीनें, लाउडस्पीकर (80 dB से अधिक) | सुनने की क्षमता में कमी, तनाव, नींद की समस्या |
| रेडियोधर्मी प्रदूषण | परमाणु दुर्घटनाएँ, परमाणु अपशिष्ट | कैंसर और आनुवंशिक दोष |
- ग्रीनहाउस प्रभाव: CO₂, मीथेन, नाइट्रस ऑक्साइड और जलवाष्प पृथ्वी की ऊष्मा रोकते हैं; इनकी अधिकता से वैश्विक तापन होता है।
- ओज़ोन क्षरण: CFC (क्लोरोफ़्लोरोकार्बन) से निकली क्लोरीन ओज़ोन को तोड़ती है; 1987 के मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल ने CFC पर रोक लगाई।
- जैव आवर्धन (Biomagnification): DDT जैसे विषैले पदार्थ खाद्य श्रृंखला में ऊपर जाते हुए अधिक सांद्र हो जाते हैं, इसलिए शीर्ष मांसाहारी सबसे अधिक प्रभावित होते हैं।
- जलवायु समझौते: क्योटो प्रोटोकॉल (1997), पेरिस समझौता (2015) — वैश्विक तापमान वृद्धि को 2°C से नीचे रखने का लक्ष्य।
वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 में और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 में बना। प्रोजेक्ट टाइगर 1973 में शुरू हुआ। जैवमंडल आरक्षित क्षेत्र (Biosphere Reserve) में मानव गतिविधि सीमित रूप से होती है, जबकि राष्ट्रीय उद्यान में बहुत कड़ी पाबंदी होती है। सेना भी कई क्षेत्रों में "इको टास्क फ़ोर्स" के ज़रिए वृक्षारोपण करती है।
विश्व आर्द्रभूमि दिवस — 2 फ़रवरी; विश्व वन्यजीव दिवस — 3 मार्च; विश्व वानिकी दिवस — 21 मार्च; विश्व जल दिवस — 22 मार्च; पृथ्वी दिवस — 22 अप्रैल; विश्व पर्यावरण दिवस — 5 जून; विश्व महासागर दिवस — 8 जून; ओज़ोन दिवस — 16 सितंबर। इनके साथ यह भी याद रखें कि भारत के "चिपको आंदोलन" (1973, उत्तराखंड) में ग्रामीणों ने पेड़ों से चिपककर उन्हें कटने से बचाया था, और "साइलेंट वैली" आंदोलन से केरल के वर्षावन बचे। पर्यावरण की रक्षा भी राष्ट्र सेवा का ही एक रूप है।
10. मास्टर सूत्र सारणी
| विषय | नियम / सूत्र | उदाहरण |
|---|---|---|
| द्रव्यमान संख्या | प्रोटॉन + न्यूट्रॉन | कार्बन-12: 6 + 6 |
| संयोजकता | बाहरी कोश के इलेक्ट्रॉन (या 8 − इलेक्ट्रॉन) | Na = 1, Cl = 1, C = 4 |
| pH | < 7 अम्ल, = 7 उदासीन, > 7 क्षार | 1 इकाई = 10 गुना |
| उदासीनीकरण | अम्ल + क्षार → लवण + जल | HCl + NaOH → NaCl + H₂O |
| प्रकाश संश्लेषण | 6CO₂ + 6H₂O → C₆H₁₂O₆ + 6O₂ | क्लोरोफ़िल, प्रकाश |
| श्वसन | ग्लूकोज़ + O₂ → CO₂ + H₂O + ऊर्जा | माइटोकॉन्ड्रिया |
| जंग | लोहा + ऑक्सीजन + नमी → Fe₂O₃·xH₂O | जस्ता परत से बचाव |
| चूने का पानी परीक्षण | Ca(OH)₂ + CO₂ → CaCO₃ (दूधिया) | CO₂ की पहचान |
| ऊर्जा नियम | अगले स्तर तक लगभग 10% | 1000 → 100 → 10 |
| रक्त समूह | O सर्वदाता, AB सर्वग्राही | लैंडस्टीनर |
11. मास्टर सारांश सारणी
| विषय | सबसे अधिक पूछे जाने वाले बिंदु | Army GD | Navy / Army Tech |
|---|---|---|---|
| पदार्थ, परमाणु | ऊर्ध्वपातन, समस्थानिक, खोजकर्ता | 1 | 2–3 |
| आवर्त सारणी | समूह, विशेष तत्व | 0–1 | 2–3 |
| अम्ल-क्षार, यौगिक | pH, प्राकृतिक अम्ल, सामान्य नाम | 1–2 | 3–4 |
| धातु, मिश्रधातु | जंग, मिश्रधातु के घटक | 1 | 2 |
| कोशिका, पौधे | कोशिकांग, प्रकाश संश्लेषण | 1 | 2 |
| मानव शरीर | हृदय, रक्त, ग्रंथियाँ, हड्डियाँ | 1–2 | 2–3 |
| रोग, पोषण | रोग कारक, विटामिन, खनिज | 1–2 | 2–3 |
12. माइंड मैप
- अवस्थाएँ
- मिश्रण पृथक्करण
- तत्व, यौगिक
- परमाणु, आवर्त सारणी
- अम्ल, क्षार, लवण
- धातु, मिश्रधातु
- कोशिका
- प्रकाश संश्लेषण
- पौधों में परिवहन
- पाचन, श्वसन
- हृदय, रक्त
- ग्रंथियाँ, कंकाल
- रोग और कारक
- विटामिन, खनिज
- पर्यावरण
13. टिप्स एवं ट्रिक्स
- विटामिन: "Aankh (रतौंधी), Citrus (स्कर्वी), Dhoop (रिकेट्स), K = Klotting (थक्का)"।
- जीवाणु से रोग: "TB, हैज़ा, टाइफ़ाइड, टिटनेस" — "T-H-T-T"; विषाणु से: "पोलियो, डेंगू, एड्स, खसरा"।
- मिश्रधातु: "पीतल में Zn (ज़िंक), कांसे में Sn (टिन)" — "पी-ज़ि, कां-टि"।
- हृदय: "दायाँ = दूषित, बायाँ = बढ़िया (शुद्ध)"।
- pH स्केल पर 7 को "बीच का रास्ता" मानें — कम = अम्ल, अधिक = क्षार।
- मलेरिया जीवाणु से नहीं, प्रोटोज़ोआ से होता है।
- डेंगू एडीज़ मच्छर से फैलता है, एनोफ़िलीज़ से नहीं।
- सबसे बड़ी ग्रंथि यकृत है, पर सबसे बड़ा अंग त्वचा।
- ग्रेफाइट अधातु होते हुए भी विद्युत का सुचालक है।
14. महत्वपूर्ण वन-लाइनर
- कपूर और नेफ़्थलीन ऊर्ध्वपातन दर्शाते हैं।
- न्यूट्रॉन की खोज जेम्स चैडविक ने की।
- हाइड्रोजन सबसे हल्का तत्व है।
- पारा कमरे के ताप पर द्रव अवस्था वाली धातु है।
- हीरा सबसे कठोर प्राकृतिक पदार्थ है।
- नींबू में साइट्रिक अम्ल और दही में लैक्टिक अम्ल होता है।
- प्लास्टर ऑफ़ पेरिस का उपयोग टूटी हड्डियों को जोड़ने में होता है।
- पीतल तांबा और जस्ता की मिश्रधातु है।
- माइटोकॉन्ड्रिया को कोशिका का शक्ति-गृह कहते हैं।
- क्लोरोफ़िल में मैग्नीशियम और हीमोग्लोबिन में लोहा होता है।
- मानव हृदय में चार कक्ष होते हैं।
- वयस्क मनुष्य में 206 हड्डियाँ होती हैं।
- इंसुलिन की कमी से मधुमेह होता है।
- आयोडीन की कमी से घेंघा रोग होता है।
- मलेरिया मादा एनोफ़िलीज़ मच्छर से फैलता है।
- विटामिन C की कमी से स्कर्वी होता है।
15. PYQ आधारित प्रश्न — विस्तृत उत्तर सहित
निम्नलिखित में से कौन-सा पदार्थ ऊर्ध्वपातन दर्शाता है?
- नमक
- कपूर
- चीनी
- बर्फ
उत्तर एवं व्याख्या
कपूर गर्म करने पर बिना द्रव बने सीधे वाष्प बन जाता है — यही ऊर्ध्वपातन है। साधारण बर्फ पहले पिघलकर पानी बनती है; नमक और चीनी ऊर्ध्वपातित नहीं होते।
उत्तर: (B) कपूर
किसी तत्व के समस्थानिकों में क्या समान होता है?
- द्रव्यमान संख्या
- न्यूट्रॉनों की संख्या
- परमाणु क्रमांक
- भौतिक गुण
उत्तर एवं व्याख्या
समस्थानिकों में प्रोटॉनों की संख्या, अर्थात् परमाणु क्रमांक समान होता है, पर न्यूट्रॉन अलग होने से द्रव्यमान संख्या भिन्न होती है।
उत्तर: (C) परमाणु क्रमांक
नींबू के रस में मुख्य रूप से कौन-सा अम्ल होता है?
- एसिटिक अम्ल
- साइट्रिक अम्ल
- लैक्टिक अम्ल
- टार्टरिक अम्ल
उत्तर एवं व्याख्या
नींबू और संतरे जैसे खट्टे फलों में साइट्रिक अम्ल होता है। सिरके में एसिटिक, दही में लैक्टिक और इमली में टार्टरिक अम्ल होता है।
उत्तर: (B) साइट्रिक अम्ल
खाने के सोडे (बेकिंग सोडा) का रासायनिक सूत्र क्या है?
- NaCl
- Na₂CO₃
- NaHCO₃
- NaOH
उत्तर एवं व्याख्या
खाने का सोडा सोडियम बाइकार्बोनेट (NaHCO₃) है। NaCl खाने का नमक, Na₂CO₃ धोने का सोडा और NaOH कास्टिक सोडा है।
उत्तर: (C) NaHCO₃
लोहे पर जंग लगने से रोकने के लिए उस पर किस धातु की परत चढ़ाई जाती है (गैल्वनीकरण)?
- तांबा
- जस्ता
- टिन
- चाँदी
उत्तर एवं व्याख्या
गैल्वनीकरण में लोहे पर जस्ते (ज़िंक) की परत चढ़ाई जाती है; खरोंच लगने पर भी जस्ता पहले क्षरित होकर लोहे को बचाता है।
उत्तर: (B) जस्ता
पीतल किन धातुओं की मिश्रधातु है?
- तांबा और टिन
- तांबा और जस्ता
- लोहा और कार्बन
- सीसा और टिन
उत्तर एवं व्याख्या
पीतल तांबे और जस्ते की मिश्रधातु है। तांबा और टिन से कांसा, लोहा और कार्बन से इस्पात तथा सीसा और टिन से सोल्डर बनता है।
उत्तर: (B) तांबा और जस्ता
कोशिका का "शक्ति-गृह" किसे कहा जाता है?
- केंद्रक
- राइबोसोम
- माइटोकॉन्ड्रिया
- लाइसोसोम
उत्तर एवं व्याख्या
माइटोकॉन्ड्रिया में कोशिकीय श्वसन से ATP के रूप में ऊर्जा बनती है। केंद्रक नियंत्रण केंद्र, राइबोसोम प्रोटीन निर्माण स्थल और लाइसोसोम "आत्मघाती थैली" है।
उत्तर: (C) माइटोकॉन्ड्रिया
मानव शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि कौन-सी है?
- थायरॉइड
- यकृत
- अग्न्याशय
- पीयूष ग्रंथि
उत्तर एवं व्याख्या
यकृत (लिवर) सबसे बड़ी ग्रंथि है जो पित्त रस बनाती है। थायरॉइड सबसे बड़ी अंतःस्रावी ग्रंथि है और पीयूष ग्रंथि को मास्टर ग्रंथि कहते हैं।
उत्तर: (B) यकृत
सर्वदाता (Universal Donor) रक्त समूह कौन-सा है?
- A
- B
- AB
- O
उत्तर एवं व्याख्या
O रक्त समूह की लाल कणिकाओं पर A या B प्रतिजन नहीं होते, इसलिए इसे सर्वदाता कहा जाता है (विशेष रूप से O निगेटिव)। AB सर्वग्राही है।
उत्तर: (D) O
मलेरिया रोग का कारक क्या है?
- जीवाणु
- विषाणु
- प्रोटोज़ोआ (प्लाज़्मोडियम)
- कवक
उत्तर एवं व्याख्या
मलेरिया प्लाज़्मोडियम नामक प्रोटोज़ोआ परजीवी से होता है और मादा एनोफ़िलीज़ मच्छर इसका वाहक है। सीमा क्षेत्रों और जंगलों में तैनात सैनिकों के लिए मच्छरदानी और रोकथाम दवाएँ इसीलिए आवश्यक हैं।
उत्तर: (C) प्रोटोज़ोआ
रतौंधी किस विटामिन की कमी से होती है?
- विटामिन A
- विटामिन B1
- विटामिन C
- विटामिन D
उत्तर एवं व्याख्या
विटामिन A रेटिना में दृष्टि-वर्णक बनाने के लिए ज़रूरी है; इसकी कमी से कम रोशनी में दिखाई नहीं देता। B1 की कमी से बेरी-बेरी, C से स्कर्वी और D से रिकेट्स होता है।
उत्तर: (A) विटामिन A
चूने के पानी में CO₂ गैस प्रवाहित करने पर वह दूधिया क्यों हो जाता है?
- कैल्शियम कार्बोनेट बनने से
- कैल्शियम क्लोराइड बनने से
- पानी के उड़ जाने से
- ऑक्सीजन निकलने से
उत्तर एवं व्याख्या
Ca(OH)₂ + CO₂ → CaCO₃ + H₂O; बना कैल्शियम कार्बोनेट पानी में अघुलनशील होता है, इसलिए दूधिया अवक्षेप दिखता है। यही CO₂ की पहचान का परीक्षण है।
उत्तर: (A)
pH 3 वाला विलयन pH 5 वाले विलयन की तुलना में कितना गुना अधिक अम्लीय है?
- 2 गुना
- 10 गुना
- 100 गुना
- 1000 गुना
उत्तर एवं व्याख्या
pH लघुगणकीय पैमाना है; 1 इकाई का अंतर हाइड्रोजन आयन सांद्रता में 10 गुना अंतर दिखाता है। 5 − 3 = 2 इकाई, इसलिए 10 × 10 = 100 गुना।
उत्तर: (C) 100 गुना
खाद्य श्रृंखला में एक पोषी स्तर से अगले स्तर तक लगभग कितनी ऊर्जा पहुँचती है?
- 10%
- 50%
- 90%
- 1%
उत्तर एवं व्याख्या
लिंडेमन के 10% नियम के अनुसार केवल लगभग 10% ऊर्जा अगले स्तर तक पहुँचती है; शेष श्वसन और ऊष्मा के रूप में नष्ट हो जाती है। इसी कारण शीर्ष मांसाहारियों की संख्या कम होती है।
उत्तर: (A) 10%
ओज़ोन परत को नुकसान पहुँचाने वाले CFC पर रोक लगाने वाला अंतरराष्ट्रीय समझौता कौन-सा है?
- मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल
- क्योटो प्रोटोकॉल
- पेरिस समझौता
- रामसर कन्वेंशन
उत्तर एवं व्याख्या
1987 का मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल ओज़ोन क्षरण करने वाले पदार्थों से संबंधित है। क्योटो और पेरिस समझौते ग्रीनहाउस गैसों से तथा रामसर कन्वेंशन आर्द्रभूमियों से जुड़ा है।
उत्तर: (A) मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल
DDT जैसे विषैले रसायन की सांद्रता खाद्य श्रृंखला के किस स्तर पर सबसे अधिक होती है?
- शीर्ष मांसाहारी में
- उत्पादक पौधों में
- शाकाहारी जीवों में
- अपघटकों में
उत्तर एवं व्याख्या
जैव आवर्धन (biomagnification) के कारण DDT हर पोषी स्तर पर अधिक सांद्र होता जाता है, इसलिए बाज़ जैसे शीर्ष मांसाहारी सबसे अधिक प्रभावित होते हैं; उनके अंडों के छिलके पतले हो जाते हैं।
उत्तर: (A) शीर्ष मांसाहारी में
16. त्वरित पुनरावृत्ति सारांश
- पदार्थ: अवस्थाएँ, ऊर्ध्वपातन, पृथक्करण की विधियाँ।
- परमाणु: खोजकर्ता, परमाणु क्रमांक, समस्थानिक, संयोजकता, आवर्त सारणी के समूह।
- अम्ल-क्षार: pH, प्राकृतिक अम्ल, डंक का उपचार, उदासीनीकरण।
- धातु: गुण, जंग और बचाव, मिश्रधातुएँ, कार्बन के अपररूप, सामान्य रसायनों के सूत्र।
- जीव: कोशिकांग, प्रकाश संश्लेषण, पौधों में परिवहन, नाइट्रोजन स्थिरीकरण।
- मानव शरीर: पाचन, श्वसन, हृदय और रक्त, ग्रंथियाँ, हड्डियाँ।
- स्वास्थ्य: रोग और कारक, विटामिन-खनिज की कमी, टीके, पर्यावरण।